आंगनबाड़ी कार्यकत्री की नियुक्ति में भ्रष्टाचार
जिले में आंगनबाड़ी कार्यकत्री के नियुक्ति के मामले में भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। जहां महिला अभ्यर्थी के पति ने विभागीय अधिकारी पर भर्ती के एवज में रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था जिसका एक ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है।

फतेहपुर/जनमत। जिले में आंगनबाड़ी कार्यकत्री के नियुक्ति के मामले में भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। जहां महिला अभ्यर्थी के पति ने विभागीय अधिकारी पर भर्ती के एवज में रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था जिसका एक ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। जिसमें आंगनबाड़ी की सुपरवाइजर द्वारा भर्ती में ज्वाइनिंग कराने के एवज में सभी अधिकारियों के नाम पर करीब ढेड़ लाख रुपए की रिश्वत मांग रही थी। पीड़ित के शिकायत के बाद विभागीय अधिकारियों में हड़कंप मच गया और तत्काल जिला कार्यक्रम अधिकारी ने सुपरवाइजर के खिलाफ भ्रष्टाचार के तहत थाने में मुकदमा दर्ज कराते हुए रिपोर्ट शासन को भेज दिया है। साथ ही सीडीपीओ के खिलाफ भी जांच बैठाते हुए रिपोर्ट शासन को भेज दिया गया है।
आपको बता दें कि जिले के शहर के पांच वार्डों व 13 ब्लॉकों में आंगनबाड़ी कार्यकत्री के 353 नियुक्तियां निकली थी। जिसमें लगभग 12 हजार 500 आवेदन प्राप्त हुए थे। भर्ती प्रक्रिया के दौरान धांधली का आरोप लगाते हुए 30 महिला अभ्यर्थियों ने नियुक्ति में हुए धांधली का आरोप लगाते हुए शिकायती पत्र डीएम वा अन्य विभागीय अधिकारियों को दिए थे। जिसमें जांच के दौरान एक मामला ऐसा आया जहां आंगनबाड़ी भर्ती के नाम पर आवेदिका अक्षिता के पति से हसवा ब्लॉक की सुपरवाइजर मृदुला शर्मा द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकत्री के ज्वाइनिंग कराने के एवज में सभी अधिकारियों के नाम पर करीब ढेड़ लाख रुपए की रिश्वत मांग रही थी। जिसका ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद विभागीय अधिकारियों में हड़कंप मच गया और तत्काल जिला कार्यक्रम अधिकारी ने सुपरवाइजर के खिलाफ भ्रष्टाचार के तहत थाने में मुकदमा दर्ज कराते हुए रिपोर्ट शासन को भेज दिया है। साथ ही सीडीपीओ के खिलाफ भी जांच बैठाते हुए रिपोर्ट शासन को भेज दिया गया है।
दूसरा मामला हसवा ब्लॉक के सिमरा की रहने वाली प्रीती देवी ने विभागीय अधिकारियों पर आरोप लगाते हुए बताया कि उनकी शैक्षिक योग्यता और आय की जांच में धांधली की गई। जिसके कारण उनका चयन नहीं हुआ। इसके बावजूद एक अन्य उम्मीदवार राधा देवी जिनकी शैक्षिक योग्यता प्रीती देवी से कम थी लेकिन उसका चयन कर लिया गया। उन्होंने अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि राधा देवी की आय गलत तरीके से बढ़ा-चढ़ाकर बताई गई ताकि उसका चयन हो सके।
REPORTED BY - BHIM SHANKAR
PUBLISHED BY - MANOJ KUMAR