मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी ने किया राष्ट्रीय ध्वज का अपमान! वीडियो वायरल; कानूनी कार्रवाई की मांग

राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान को लेकर उप्र से जुड़ा एक वीडियो इस समय सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है। यह वीडियो प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी से जुड़ा बताया जा रहा है।

मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी ने किया राष्ट्रीय ध्वज का अपमान! वीडियो वायरल; कानूनी कार्रवाई की मांग
Published By- Diwaker Mishra

लखनऊ/जनमत न्यूज़। राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान को लेकर उप्र से जुड़ा एक वीडियो इस समय सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है। यह वीडियो प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी से जुड़ा बताया जा रहा है।

वायरल वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि ध्वजारोहण के दौरान राष्ट्रीय ध्वज को झटके से खींचा जा रहा है। इस मामले में लोगों का कहना है कि इस तरह का कृत्य Flag Code of India, 2002 के नियमों के विपरीत माना जाता है। राष्ट्रीय ध्वज का सम्मान सर्वोपरि है और उसके साथ किसी भी प्रकार की असावधानी या अपमान स्वीकार्य नहीं है।

वीडियो सामने आने के बाद यह मामला अब राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया है। कई लोग इसे बेहद संवेदनशील मुद्दा बताते हुए निष्पक्ष जांच और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

फिलहाल इस पूरे मामले पर सरकारी या मंत्री स्तर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन वीडियो लगातार वायरल हो रहा है।

कब होता है तिरंगे का अपमान और क्या है सजा?

तिरंगे का अपमान (Flag desecration) राष्ट्रीय ध्वज के प्रति अनादर या अवमानना है, जिसमें उसे जलाना, काटना, फाड़ना, जमीन पर घसीटना या किसी भी तरह से क्षति पहुँचाना शामिल है. ऐसा करना भारत के 'राष्ट्रीय सम्मान अपमान निवारण अधिनियम, 1971 (Prevention of Insults to National Honour Act, 1971) के तहत दंडनीय अपराध है।

भारतीय राष्ट्रीय ध्वज या भारत के संविधान या उसके किसी भाग का अपमान करने वाले व्यक्ति को तीन वर्ष तक की कारावास, या जुर्माना, या दोनों से दंडित किया जाएगा, क्योंकि तिरंगा भारत की आत्मा और गौरव का प्रतीक है।