चंदौली में नाबालिग से दुष्कर्म पर सख्त फैसला: POCSO कोर्ट ने अभियुक्त को आजीवन कारावास की सजा सुनाई

मामला 14 मार्च 2025 का है, जब सदर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम बिसौरी में रात के समय पड़ोसी द्वारा एक नाबालिग के साथ दुष्कर्म की घटना सामने आई थी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विवेचना पूरी की और समयबद्ध तरीके से आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।

चंदौली में नाबालिग से दुष्कर्म पर सख्त फैसला: POCSO कोर्ट ने अभियुक्त को आजीवन कारावास की सजा सुनाई
PUBLISHED BY - MANOJ KUMAR

चंदौली से उमेश सिंह की रिपोर्ट —

चंदौली/जनमत न्यूज़। नाबालिग से दुष्कर्म के एक गंभीर मामले में चंदौली की POCSO न्यायालय ने कड़ा रुख अपनाते हुए अभियुक्त को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी सुभाष सोनकर को दोषी करार देते हुए 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यह फैसला जनपद में BNS के तहत दर्ज मामलों में उल्लेखनीय माना जा रहा है, जिसमें एक वर्ष के भीतर न्यायालय द्वारा सजा सुनाई गई।

मामला 14 मार्च 2025 का है, जब सदर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम बिसौरी में रात के समय पड़ोसी द्वारा एक नाबालिग के साथ दुष्कर्म की घटना सामने आई थी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विवेचना पूरी की और समयबद्ध तरीके से आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।

मामले की सुनवाई POCSO न्यायालय में हुई, जहां न्यायाधीश अनुराग मिश्रा ने उपलब्ध साक्ष्यों, गवाहों के बयानों और अभियोजन पक्ष की दलीलों के आधार पर आरोपी को दोषी पाया। अदालत ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आजीवन कारावास की सजा के साथ आर्थिक दंड भी लगाया।

विशेष शासकीय अधिवक्ता (POCSO) शमशेर बहादुर सिंह ने फैसले की जानकारी देते हुए बताया कि यह जनपद चंदौली में BNS के तहत पहला ऐसा मामला है, जिसमें एक वर्ष के भीतर न्यायालय ने सजा सुनाई है। उन्होंने इसे पीड़ित को न्याय दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। इस फैसले से यह संदेश गया है कि नाबालिगों के विरुद्ध अपराधों में त्वरित विवेचना और प्रभावी अभियोजन के जरिए कठोर सजा सुनिश्चित की जाएगी।