उरई पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, दो लग्जरी वाहनों से अवैध असलहे बरामद; दो आरोपी गिरफ्तार

उप्र के उरई जनपद के एट टोल प्लाजा पर चेकिंग के दौरान पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने दो संदिग्ध काली फॉर्च्यूनर गाड़ियों को रोका और तलाशी लेने पर दोनों लग्जरी वाहनों से अवैध असलहे बरामद किए।

उरई पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, दो लग्जरी वाहनों से अवैध असलहे बरामद; दो आरोपी गिरफ्तार
Published By- Diwaker Mishra

उरई से सुनील शर्मा की रिपोर्ट

उरई/जनमत न्यूज़। उप्र के उरई जनपद के एट टोल प्लाजा पर चेकिंग के दौरान पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने दो संदिग्ध काली फॉर्च्यूनर गाड़ियों को रोका और तलाशी लेने पर दोनों लग्जरी वाहनों से अवैध असलहे बरामद किए।

बरामदगी का विवरण

पुलिस ने दोनों गाड़ियों की गहन तलाशी ली, जिसमें तीन अवैध पिस्टल और 12 जिंदा कारतूस बरामद हुए।  हथियारों की बरामदगी के तुरंत बाद पुलिस ने मौके से दो आरोपियों नीतीश श्रीवास्तव और आशुतोष मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया।

खबर यह और भी चौंकाने वाली साबित हुई जब पता चला कि अवैध असलहे एक ऐसे व्यक्ति की गाड़ी से मिले हैं जो खुद को भाजपा नेता बताता है।  इस खबर के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और लोग सुरक्षा को लेकर चिंतित हो उठे।

गिरफ्तार दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पुलिस गहनता से पूछताछ कर रही है।  पुलिस टीम आरोपियों की क्राइम हिस्ट्री पर भी बारीकी से जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या ये पहले भी किसी आपराधिक वारदात में शामिल रहे हैं। 

साथ ही, हथियारों के स्रोत और इनके इस्तेमाल की संभावनाओं को भी जांचा जा रहा है। एट थाना पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।  आर्म्स एक्ट के तहत अवैध हथियार रखना एक गंभीर अपराध है और इसमें सख्त सजा का प्रावधान है। 

पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की जाएगी। इस घटना ने टोल प्लाजा और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। आम लोगों में यह चिंता है कि इतने बड़े पैमाने पर अवैध हथियार कैसे शहर में दाखिल हुए और इनका मकसद क्या था।

पुलिस ने आश्वासन दिया है कि ऐसे तत्वों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी और कानून का डर बना रहेगा। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि टोल प्लाजा पर नाकाबंदी और चेकिंग अभियान लगातार जारी रहेगा ताकि अवैध हथियारों की आवाजाही को रोका जा सके।