संभल में युवक ने फेसबुक पर वीडियो अपलोड कर की आत्महत्या, भावुक संदेश वायरल

फिरोज ने आत्महत्या से पहले करीब एक मिनट का वीडियो फेसबुक पर साझा किया था। वीडियो में युवक भावुक नजर आ रहा है, उसकी आंखों में आंसू और आवाज में दर्द साफ झलक रहा है। वीडियो में युवक ने कहा कि “दोस्तों, न किसी पर भरोसा करो और न किसी से प्यार करो। मौत मुझे शुरू से ही अज़ीज़ है। मैं मरना चाहता था और खुद ही मर रहा हूं।”

संभल में युवक ने फेसबुक पर वीडियो अपलोड कर की आत्महत्या, भावुक संदेश वायरल
PUBLISHED BY - MANOJ KUMAR

संभल से रामब्रेस यादव की रिपोर्ट —

संभल/जनमत न्यूज़। उत्तर प्रदेश के संभल जनपद से एक हृदयविदारक मामला सामने आया है, जहां 22 वर्षीय युवक ने आत्महत्या करने से पहले फेसबुक पर एक वीडियो अपलोड किया और उसके बाद अपनी जान दे दी। युवक की पहचान फिरोज के रूप में बताई जा रही है। यह मामला असमोली थाना क्षेत्र के एक गांव का बताया जा रहा है। घटना के बाद से इलाके में शोक और चर्चा का माहौल बना हुआ है।

जानकारी के अनुसार, फिरोज ने आत्महत्या से पहले करीब एक मिनट का वीडियो फेसबुक पर साझा किया था। वीडियो में युवक भावुक नजर आ रहा है, उसकी आंखों में आंसू और आवाज में दर्द साफ झलक रहा है। वीडियो में युवक ने कहा कि “दोस्तों, न किसी पर भरोसा करो और न किसी से प्यार करो। मौत मुझे शुरू से ही अज़ीज़ है। मैं मरना चाहता था और खुद ही मर रहा हूं।” वीडियो अपलोड करने के कुछ समय बाद ही युवक ने आत्महत्या कर ली।

वायरल वीडियो में फिरोज ने यह भी बताया कि इससे पहले वह तीन बार आत्महत्या करने का प्रयास कर चुका था। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर यह तेजी से वायरल हो गया, जिसे देखकर लोग स्तब्ध हैं। बताया जा रहा है कि युवक का एक फाइल फोटो और आत्महत्या से पहले का वीडियो सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से प्रसारित हो रहा है।

घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और युवक के आत्महत्या करने के कारणों का पता लगाया जा रहा है। परिजनों से पूछताछ के साथ-साथ सोशल मीडिया वीडियो को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है।

इस दुखद घटना ने एक बार फिर युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य और भावनात्मक दबाव जैसे गंभीर मुद्दों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन और समाज दोनों के लिए यह आत्ममंथन का विषय है कि समय रहते ऐसे युवाओं की पहचान कर उन्हें उचित सहायता कैसे पहुंचाई जाए।

यदि कोई व्यक्ति मानसिक तनाव या निराशा से जूझ रहा हो, तो उसे अकेला नहीं रहना चाहिए और परिजनों, मित्रों या नजदीकी सहायता सेवाओं से संपर्क करना चाहिए।