औरैया में बुलडोजर कार्रवाई पर हाईकोर्ट की रोक, ध्वस्तीकरण से पहले मिला बड़ा राहत आदेश

मामले की गंभीरता को देखते हुए चीफ जस्टिस के निर्देश पर स्पेशल बेंच का गठन किया गया। जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी और जस्टिस विवेक वर्मा की डिवीजन बेंच ने बुधवार शाम करीब 6:40 बजे सुनवाई करते हुए स्थगन आदेश पारित किया।

औरैया में बुलडोजर कार्रवाई पर हाईकोर्ट की रोक, ध्वस्तीकरण से पहले मिला बड़ा राहत आदेश
PUBLISHED BY MANOJ KUMAR

औरैया से अरूण बाजपेयी की रिपोर्ट —

औरैया/जनमत न्यूज। जिले में प्रस्तावित बुलडोजर कार्रवाई पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए अंतरिम रोक लगा दी है। बुधवार देर शाम अर्जेंट बेसिस पर हुई सुनवाई में कोर्ट ने यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया, जिससे आज सुबह छह बजे प्रस्तावित ध्वस्तीकरण की कार्रवाई टल गई।

मामले की गंभीरता को देखते हुए चीफ जस्टिस के निर्देश पर स्पेशल बेंच का गठन किया गया। जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी और जस्टिस विवेक वर्मा की डिवीजन बेंच ने बुधवार शाम करीब 6:40 बजे सुनवाई करते हुए स्थगन आदेश पारित किया।

बताया जा रहा है कि औरैया जिले के दिबियापुर स्थित नहर बाजार में प्रशासन द्वारा अतिक्रमण हटाने के लिए अल्टीमेटम जारी किया गया था, जिसके तहत गुरुवार सुबह ध्वस्तीकरण की कार्रवाई प्रस्तावित थी। इससे पहले सुमन देवी समेत तीन अन्य याचिकाकर्ताओं ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया।

याचिकाकर्ताओं का दावा है कि उनके मकान और दुकानें वर्ष 1987 से 1991 के बीच सरकार की नसबंदी प्रोत्साहन योजना के तहत आवंटित जमीन पर बनी हैं, इसलिए उन्हें अतिक्रमण नहीं माना जा सकता। वहीं, राज्य सरकार की ओर से पेश वकील ने दलील दी कि संबंधित पक्षों को कई बार नोटिस दिए गए, लेकिन उन्होंने कोई ठोस साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किया।

हाईकोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फिलहाल ध्वस्तीकरण पर रोक लगाते हुए यथास्थिति बनाए रखने का निर्देश दिया है। साथ ही मामले की अगली सुनवाई 29 अप्रैल को निर्धारित की गई है। इस आदेश से प्रभावित लोगों को बड़ी राहत मिली है, जबकि प्रशासन को अब कोर्ट के अगले निर्देश का इंतजार करना होगा।