सर्राफा चोरी कांड में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: मुठभेड़ के बाद तीन शातिर चोर गिरफ्तार, दो के पैर में लगी गोली

मुठभेड़ के दौरान दो अभियुक्तों के पैर में गोली लगी, जबकि एक को पुलिस ने सुरक्षित रूप से दबोच लिया। पुलिस द्वारा शातिर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन लंगड़ा” के तहत यह कार्रवाई की गई है।

सर्राफा चोरी कांड में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: मुठभेड़ के बाद तीन शातिर चोर गिरफ्तार, दो के पैर में लगी गोली
PUBLISHED BY - MANOJ KUMAR

औरैया से अरूण बाजपेयी की रिपोर्ट —

रुरुगंज/औरैया/जनमत न्यूज। जनपद औरैया के रुरुगंज क्षेत्र अंतर्गत वैबाह में सर्राफा व्यवसायी के यहां हुई चोरी की घटना के खुलासे को लेकर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। बीती रात जांच और चेकिंग के दौरान वांछित आरोपितों की पुलिस से मुठभेड़ हो गई, जिसमें तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। मुठभेड़ के दौरान दो अभियुक्तों के पैर में गोली लगी, जबकि एक को पुलिस ने सुरक्षित रूप से दबोच लिया। पुलिस द्वारा शातिर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन लंगड़ा” के तहत यह कार्रवाई की गई है।

पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार एरवाकटरा-कुदरकोट मार्ग पर सूत्यानी मोड़ के पास संदिग्ध कार सवार तीन आरोपितों को पुलिस टीम ने चेकिंग के दौरान रोकने का प्रयास किया। इसी दौरान कार सवार अभियुक्तों ने पुलिस टीम पर हमला कर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने संयम और आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें दो अभियुक्तों के पैर में गोली लग गई। तीसरे अभियुक्त को पुलिस ने मौके से सुरक्षित गिरफ्तार कर लिया।

मुठभेड़ के बाद मौके से दो अवैध तमंचे, कारतूस, खोखे, घटना में प्रयुक्त एक कार तथा चोरी किए गए सर्राफा आभूषण बरामद किए गए हैं। घायल अभियुक्तों को तत्काल उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिधूना भेजा गया, जहां चिकित्सकों के अनुसार उनकी हालत सामान्य बताई जा रही है।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त वैबाह में सर्राफा दुकान पर हुई चोरी की घटना में वांछित थे और इनके विरुद्ध पूर्व से भी आपराधिक इतिहास दर्ज है। पुलिस द्वारा मामले में अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है तथा गिरोह से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।

इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में लोगों ने राहत की सांस ली है। पुलिस अधिकारियों ने आमजन से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि अपराध पर समय रहते प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।