बहराइच के सरकारी किताबों के गबन मामले में बड़ा खुलासा, गिरोह का भंडाफोड़; चार आरोपी गिरफ्तार
उप्र के बहराइच जनपद में सरकारी किताबों के गबन मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। परिषदीय विद्यालयों की हजारों किताबें स्टॉक से गायब कर कबाड़ में बेचने वाले गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है।
बहराइच से रिजवान खान की रिपोर्ट
बहराइच/जन्मत न्यूज़। उप्र के बहराइच जनपद में सरकारी किताबों के गबन मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। परिषदीय विद्यालयों की हजारों किताबें स्टॉक से गायब कर कबाड़ में बेचने वाले गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए बड़ी मात्रा में सरकारी पुस्तकें बरामद की हैं।
जनपद बहराइच के थाना रामगांव क्षेत्र में सरकारी पुस्तकों के गबन मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में गठित टीम ने कार्रवाई करते हुए सरकारी किताबों की अवैध बिक्री का खुलासा किया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि बीएसए कार्यालय में तैनात अनुचर आलोक मिश्रा, जो सरकारी पुस्तकों के रख-रखाव की जिम्मेदारी संभालता था, उसने अपने साथियों के साथ मिलकर स्टॉक से किताबें निकालकर अवैध रूप से बेच दी।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने छापेमारी करते हुए कुल 13,082 सरकारी पुस्तकें बरामद कीं और इस मामले में आलोक मिश्रा, दिलशाद अली, शुभांकर गुप्ता और अर्जुन को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि कबाड़ की दुकान पर किताबें मिलने के बाद वीडियो वायरल करने की धमकी देकर कुछ लोगों द्वारा रुपये वसूले जाने की बात भी सामने आई है, जिसकी जांच पुलिस कर रही है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सार्वजनिक संपत्ति निवारण अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सभी को न्यायालय भेज दिया है, जबकि फरार आरोपी समीर अहमद की तलाश जारी है।
सरकारी बच्चों की पढ़ाई के लिए भेजी गई किताबों को ही बाजार में बेच दिया गया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग में भी हड़कंप मचा हुआ है। अब देखना होगा कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल निकलता है।


