धर्मेंद्र ने निधन से पहले जाहिर की थी अपनी आखिरी इच्छा, हेमा मालिनी ने 8 महीने बाद किया खुलासा

दिग्गज भारतीय अभिनेता और 'बॉलीवुड के ही-मैन' धर्मेंद्र का निधन 24 नवंबर, 2025 को उनके 90वें जन्मदिन से कुछ दिन पहले हुआ।

धर्मेंद्र ने निधन से पहले जाहिर की थी अपनी आखिरी इच्छा, हेमा मालिनी ने 8 महीने बाद किया खुलासा
Published By- Diwaker Mishra

नई दिल्ली/जनमत न्यूज़। दिग्गज भारतीय अभिनेता और 'बॉलीवुड के ही-मैन' धर्मेंद्र का निधन 24 नवंबर, 2025 को उनके 90वें जन्मदिन से कुछ दिन पहले हुआ।

धर्मेंद्र के निधन के बाद, हेमा मालिनी के अपने सौतेले बेटों, सनी और बॉबी के साथ खराब रिश्तों की खबरें सामने आईं। इन सभी खबरों के उलट, हेमा मालिनी ने एक नए इंटरव्यू में बताया कि धर्मेंद्र के सभी बच्चे किस तरह एकजुट रहते हैं।

हाल ही में हुई एक बातचीत में धरम जी हमेशा कहते थे कि बच्चों के साथ ज्यादा से ज्यादा समय बिताओ। बच्चों और परिवार के साथ वक्त गुजारो। वह हमेशा कहते थे कि परिवार के साथ मिल-जुलकर रहो, आज के समय में यह बहुत जरूरी है, जो अब असल में होता नहीं है। आजकल बच्चे अपनी-अपनी राह पर चले जाते हैं'

क्या थी धर्मेंद्र की आखिरी इच्छा?

इसके बाद एक्ट्रेस से पूछा गया कि 'ही-मैन' की आखिरी इच्छा क्या थी। इस बारे में बताते हुए हेमा ने कहा, 'उन्होंने बिल्कुल यही कहा था, 'परिवार के साथ रहो। उन सभी के साथ मिलकर रहो। काम तो चलता रहेगा, लेकिन परिवार को सबसे ज्यादा अहमियत दी जानी चाहिए।'

सनी-बॉबी के बारे में क्या बोलीं हेमा?

धर्मेंद्र की पहली शादी से हुए बच्चों के बारे में बात करते हुए हेमा ने कहा, 'वे बहुत प्यारे हैं। सनी बहुत अच्छे हैं। बॉबी भी बहुत अच्छे हैं। हम सब हमेशा साथ रहते हैं। हम कोई दिखावा या पब्लिसिटी नहीं करते, लेकिन अंदर से हम सब अच्छे हैं। हम सब एकजुट हैं। हम एक बहुत खुशहाल परिवार हैं'

इंटरव्यू में हेमा ने धर्मेंद्र की तारीफ करते हुए उन्हें एक बेहतरीन इंसान बताया। उन्होंने बताया कि धर्मेंद्र अपने सभी फैन्स का कितना सम्मान करते थे। उन्होंने कहा, 'अगर कोई उनके साथ फोटो खिंचवाने आता था, तो वे कहते थे, 'उन्हें अंदर बुलाओ,' चाहे वह कोई भी हो। वे सबसे मिलते थे और सबको खाना खिलाते थे। उन्हें लोगों से मिलना-जुलना बहुत पसंद था'

उन्हें 'बहुत प्यार करने वाले पिता' और 'बहुत प्यार करने वाले नाना' बताते हुए हेमा ने कहा कि शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता कि बच्चे उन्हें कितना याद कर रहे हैं।