प्रमुख सचिव अनिल कुमार सागर ने ग्राम खगईजोत में लगाई चौपाल, जनकल्याणकारी योजनाओं के संतृप्तिकरण का लिया जायजा

ग्राम चौपाल में प्रमुख सचिव ने ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन एवं संतृप्तिकरण की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी पात्र लाभार्थी योजना से वंचित न रहे।

प्रमुख सचिव अनिल कुमार सागर ने ग्राम खगईजोत में लगाई चौपाल, जनकल्याणकारी योजनाओं के संतृप्तिकरण का लिया जायजा
REPORTED BY - GULAM NABI, PUBLISHED BY - MANOJ KUMAR

बलरामपुर/जनमत न्यूज। प्रमुख सचिव (खादी एवं ग्रामोद्योग, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग तथा सार्वजनिक उद्यम विभाग) एवं नोडल अधिकारी अनिल कुमार सागर ने शुक्रवार को जिले के विकास खंड बलरामपुर अंतर्गत ग्राम खगईजोत का दौरा कर चौपाल का आयोजन किया। इस दौरान उनके साथ जिलाधिकारी पवन अग्रवाल सहित प्रशासनिक अमला मौजूद रहा।

ग्राम चौपाल में प्रमुख सचिव ने ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन एवं संतृप्तिकरण की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी पात्र लाभार्थी योजना से वंचित न रहे। मौके पर ही पात्रों को आयुष्मान भारत योजना के गोल्डन कार्ड, स्वच्छ भारत मिशन के लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र, टीबी से स्वस्थ हुए मरीजों को पोषण पोटली तथा ‘जीरो पावर्टी’ लाभार्थियों को सहजन के पौधे वितरित किए गए।

चौपाल कार्यक्रम में परिषदीय विद्यालय की छात्राओं ने मिशन शक्ति अभियान के तहत आत्मरक्षा का प्रदर्शन किया। प्रमुख सचिव ने बच्चों को अन्नप्राशन भी कराया। उन्होंने हर घर जल, पीएम ग्रामीण आवास योजना, आंगनबाड़ी संचालन, परिषदीय विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था, टीकाकरण, राशन वितरण, स्वयं सहायता समूह गठन, किसान सम्मान निधि, कन्या सुमंगला योजना सहित अन्य योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की।

दौरे के दौरान प्रमुख सचिव ने विद्युत ट्रांसफार्मर वर्कशॉप का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि खराब ट्रांसफार्मर समयबद्ध तरीके से बदले जाएं और रिपेयरिंग कार्य गुणवत्तापूर्ण हो। श्रमिकों को इंडस्ट्रियल सेफ्टी मानकों के अनुरूप सभी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए।

इसके उपरांत उन्होंने संयुक्त जिला चिकित्सालय का भी निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान ओपीडी, वार्ड, एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड कक्ष, डायलिसिस कक्ष, औषधि भंडारण कक्ष, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर कक्ष, रसोई घर एवं स्वच्छता व्यवस्था का जायजा लिया। मरीजों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याओं को सुना तथा अस्पताल प्रशासन को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

उन्होंने दवा वितरण में फर्स्ट इन-फर्स्ट आउट पद्धति अपनाने, रसोई घर एवं अस्पताल परिसर की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, पीडी ग्राम्य विकास विभाग, डीसी मनरेगा, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।