दिल्ली में 'निर्भया जैसा कांड' करने वाले पकड़े गए,बिहार नंबर की थी बस ,आरोपी गिरफ्तार

दिल्ली के रानी बाग इलाके में चलती स्लीपर बस में महिला से कथित गैंगरेप मामले में पुलिस ने ड्राइवर और कंडक्टर को गिरफ्तार कर लिया है। बिहार नंबर की बस को भी जब्त कर जांच तेज कर दी गई है।

दिल्ली में 'निर्भया जैसा कांड' करने वाले पकड़े गए,बिहार नंबर की थी बस ,आरोपी गिरफ्तार
Published By- A.K. Mishra

दिल्ली/जनमत न्यूज़:- दिल्ली में चलती बस में महिला से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना ने एक बार फिर 2012 के निर्भया कांड की यादें ताजा कर दी हैं। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल स्लीपर बस को भी जब्त कर लिया है, जो बिहार में रजिस्टर्ड बताई जा रही है।

बिहार नंबर की बस में हुई वारदात

जानकारी के अनुसार, बस का नंबर BR 28P 3941 है और इसे ‘रॉयल ट्रैवल्स एंड कारगो’ नामक कंपनी संचालित करती है। नारंगी और काले रंग की इस एसी स्लीपर बस में रानी बाग इलाके में महिला के साथ कथित गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया गया। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी बस के चालक और कंडक्टर बताए जा रहे हैं। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटना के समय बस में अन्य कोई व्यक्ति मौजूद था या नहीं।

पर्दों और बंद शीशों की वजह से बाहर नहीं पहुंची आवाज

प्रारंभिक जांच में पता चला है कि बस के अंदर पर्दे लगे हुए थे और खिड़कियां पूरी तरह बंद थीं। ऐसे में पीड़िता की आवाज बाहर तक नहीं पहुंच सकी। पुलिस ने बस से सबूत जुटाने के लिए फोरेंसिक टीम की मदद ली है। साथ ही बस के परमिट और दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है।

समय पूछने पर जबरन बस में खींचा

पीड़िता पीतमपुरा इलाके की रहने वाली है और मंगोलपुरी स्थित एक फैक्ट्री में काम करती है। सोमवार रात ड्यूटी खत्म होने के बाद वह घर लौट रही थी। सरस्वती विहार के बी-ब्लॉक बस स्टैंड के पास खड़ी एक स्लीपर बस के दरवाजे पर मौजूद युवक से उसने समय पूछा। आरोप है कि इसी दौरान उसे जबरदस्ती बस के अंदर खींच लिया गया।

दो घंटे तक चलती बस में दरिंदगी

पीड़िता के मुताबिक, आरोपियों ने बस का दरवाजा बंद कर दिया और बस को आगे बढ़ा दिया। इसके बाद चलती बस में उसके साथ बारी-बारी से दुष्कर्म किया गया। बस करीब सात किलोमीटर तक नांगलोई मेट्रो स्टेशन की ओर घूमती रही। करीब दो घंटे बाद आरोपी महिला को गंभीर हालत में सड़क किनारे फेंककर फरार हो गए।

मेडिकल जांच में हुई पुष्टि

घटना के बाद पीड़िता ने पुलिस को सूचना दी। शुरुआती कॉल नांगलोई थाने में पहुंची, लेकिन मामला रानी बाग थाना क्षेत्र का होने के कारण जांच वहां ट्रांसफर की गई। महिला पुलिस अधिकारी पीड़िता को बाबा साहेब अंबेडकर अस्पताल लेकर गईं, जहां मेडिकल जांच में सामूहिक दुष्कर्म की पुष्टि हुई।

तीन बेटियों की जिम्मेदारी, अस्पताल में भर्ती होने से किया इनकार

डॉक्टरों ने पीड़िता की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे अस्पताल में भर्ती होने की सलाह दी थी, लेकिन उसने मना कर दिया। पीड़िता ने बताया कि उसके पति टीबी से पीड़ित हैं और घर पर रहते हैं। उसकी तीन छोटी बेटियां हैं, जिनकी जिम्मेदारी उसी पर है। आर्थिक मजबूरी के चलते उसने घर पर रहकर ही इलाज कराने का फैसला किया।

पुलिस ने दर्ज किया केस

दिल्ली पुलिस ने बताया कि मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच जारी है और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।