उरई जिला अस्पताल में आयोजित कार्यक्रम में 09 लोगों ने किया स्वैच्छिक रक्तदान, प्रमाण-पत्र देकर बढ़ाया उत्साह

विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर उप्र के उरई जनपद के जिला अस्पताल में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।

उरई जिला अस्पताल में आयोजित कार्यक्रम में 09 लोगों ने किया स्वैच्छिक रक्तदान, प्रमाण-पत्र देकर बढ़ाया उत्साह
Published By- Diwaker Mishra

उरई से सुनील शर्मा की रिपोर्ट

उरई/जनमत न्यूज़। विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर उप्र के उरई जनपद के जिला अस्पताल में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।

इस अवसर पर जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय व पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने रक्तदाताओं को प्रमाण-पत्र प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया तथा समाज के अन्य लोगों से भी रक्तदान जैसे पुण्य कार्य में बढ़-चढ़कर सहभागिता करने की अपील की।

जिलाधिकारी ने कहा कि रक्तदान मानवता की सबसे बड़ी सेवा है। एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद व्यक्ति को नया जीवन देने का माध्यम बन सकता है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान करना चाहिए, जिससे आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराया जा सके।

पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने कहा कि रक्तदान न केवल सामाजिक उत्तरदायित्व का प्रतीक है, बल्कि यह मानव जीवन की रक्षा का भी महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने युवाओं से आगे आकर रक्तदान अभियान से जुड़ने और दूसरों को भी प्रेरित करने का आह्वान किया।

इस अवसर पर कुल 09 लोगों ने स्वैच्छिक रक्तदान कर मानव सेवा का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया। जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक ने सभी रक्तदाताओं को प्रमाण-पत्र प्रदान कर उनके इस सराहनीय योगदान की प्रशंसा की तथा भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी कार्यों में सहभागिता बनाए रखने का आग्रह किया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि नियमित रक्तदान से न केवल जरूरतमंद मरीजों को जीवनदान मिलता है, बल्कि रक्तदाता के स्वास्थ्य पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।

इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक जेजे राम, चिकित्सकगण, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी तथा अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।