चन्दौली में शांतिपूर्ण माहौल में मनाई गई बकरीद, मस्जिदों और ईदगाहों में अदा की गई नमाज़

ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व गुरुवार को पूरी श्रद्धा, उत्साह एवं शांतिपूर्ण वातावरण में मनाया गया। सुबह से ही विभिन्न मस्जिदों एवं ईदगाहों में मुस्लिम समुदाय के लोगों की भारी भीड़ उमड़ी, जहां नमाज़ अदा कर देश में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली की दुआ मांगी गई

चन्दौली में शांतिपूर्ण माहौल में मनाई गई बकरीद, मस्जिदों और ईदगाहों में अदा की गई नमाज़
PUBLISHED BY MANOJ KUMAR

चंदौली से उमेश सिंह की रिपोर्ट —

चन्दौली/जनमत न्यूज। पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर (मुगलसराय)/अलीनगर क्षेत्र में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व गुरुवार को पूरी श्रद्धा, उत्साह एवं शांतिपूर्ण वातावरण में मनाया गया। सुबह से ही विभिन्न मस्जिदों एवं ईदगाहों में मुस्लिम समुदाय के लोगों की भारी भीड़ उमड़ी, जहां नमाज़ अदा कर देश में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली की दुआ मांगी गई। नमाज़ के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर बकरीद की मुबारकबाद दी।

इस अवसर पर जामा मस्जिद मुगलसराय के सदर इफ्तिखार भाई ने आपसी प्रेम एवं गंगा-जमुनी तहज़ीब को बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि चंदौली जनपद में हमेशा से भाईचारे की परंपरा रही है और सभी धर्मों के लोग मिलजुल कर रहते हैं। उन्होंने लोगों से अफवाहों एवं विवादों से दूर रहने की अपील करते हुए कहा कि समाज में शांति और सौहार्द बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है। साथ ही मुस्लिम समाज से गाय से जुड़े किसी भी विवाद से दूर रहने का आह्वान किया तथा सरकार से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग भी की।

वहीं जामा मस्जिद मुगलचक अलीनगर के इमाम मोहम्मद शमशाद आलम ने भी शांति एवं मोहब्बत का संदेश देते हुए कहा कि त्योहारों की खुशियों में सभी समुदायों को शामिल करना चाहिए। उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने तथा भाईचारे के साथ त्योहार मनाने की अपील की।

त्योहार को सकुशल संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। सुरक्षा व्यवस्था के तहत क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। संवेदनशील स्थानों पर ड्रोन कैमरों से निगरानी की गई। क्षेत्राधिकारी अरुण कुमार सिंह एवं अलीनगर थाना प्रभारी घनश्याम शुक्ला पुलिस टीम के साथ लगातार गश्त करते रहे।

इस दौरान बलजीत शर्मा, अजीत कुमार, शारदानंद मिश्रा एवं अशोक कुमार रावत सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। जनपद में बकरीद का पर्व आपसी भाईचारे, सौहार्द एवं शांतिपूर्ण वातावरण के साथ संपन्न हुआ तथा कहीं से किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।