शाहजहांपुर में दिल दहलाने वाली वारदात, आवारा कुत्तों ने बच्ची को नोच-नोचकर मार डाला

उप्र के शाहजहांपुर जनपद से एक दिल दहलाने वाली खबर सामे आ रही है, जहाँ आवारा कुत्तों ने एक बच्ची को नोच-नोचकर मार डाला।

शाहजहांपुर में दिल दहलाने वाली वारदात, आवारा कुत्तों ने बच्ची को नोच-नोचकर मार डाला
Published By- Diwaker Mishra

शाहजहांपुर से राजीव शुक्ला की रिपोर्ट

शाहजहांपुर/जनमत न्यूज़। उप्र के शाहजहांपुर जनपद से एक दिल दहलाने वाली खबर सामे आ रही है, जहाँ आवारा कुत्तों ने एक बच्ची को नोच-नोचकर मार डाला।

बच्ची के शरीर पर 10-12 जगह गहरे घाव नजर आए। बच्ची पिता के साथ सब्जी तोड़ने गई थी और आवारा कुत्तों नें बच्ची पर हमला कर दिया। हमले में 11 वर्षीय बच्ची की मेडिकल कालेज मे इलाज के दौरान दर्दनाक मौत हो गई।  परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया है।

शाहजहांपुर में जहाँ एक ओर नगर निगम आवारा कुत्तो को पकड़ने और कुत्तो की नसबंदी करने का अभियान चला रही है तो वही दूसरी ओर कुत्तो का आतंक लगातार बढ़ता ही जा रहा है।  

घटना रविवार सुबह करीब सात बजे ककरा स्थित चार्जिंग स्टेशन प्वाइंट के पास हुई। ककरा निवासी नईम अपनी बेटी सवालिया के साथ खेत पर सब्जी तोड़ने गए थे। इस दौरान नईम ने बेटी को अपने भाई इकराम को बुलाने के लिए घर की ओर भेजा था।

5 से 6 कुत्तों ने किया हमला

पिता से कुछ दूरी पर पहुंचते ही करीब पांच से छह आवारा कुत्तों के झुंड ने सवालिया पर हमला कर दिया। कुत्तों ने बच्ची की गर्दन पर तीन जगह और शरीर पर 10 से 12 जगह गंभीर रूप से काट लिया।

मौके से गुजर रहे लोगों ने बच्ची को कुत्तों से घिरा देखा और उसके पिता नईम को सूचना दी। जब नईम अन्य लोगों के साथ मौके पर पहुंचे तो बच्ची खून से लथपथ हालत में पड़ी थी और कुत्ते उसे नोच रहे थे। यह दृश्य देखकर पिता बेहोश हो गए।

शाहजहांपुर मेडिकल कॉलेज में तोड़ा दम

स्थानीय लोगों ने किसी तरह कुत्तों को भगाया और बच्ची को परिजनों की मदद से राजकीय मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। हालांकि गंभीर चोटों के चलते इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। बाद में परिजन शव को बिना पोस्टमार्टम कराए एंबुलेंस से घर ले गए।

मजदूरी कर परिवार चलाता है पिता

मृतक बच्ची के चाचा रफी अहमद ने बताया कि सवालिया की चार बड़ी बहनें फूल बी, असरा, निशरा और आलिया हैं, जबकि दो भाई अजीम और इकराम हैं। उन्होंने बताया कि बच्ची के पिता नईम बटाई पर खेत लेकर मजदूरी करते हैं। घटना के बाद मां शबाना का रो-रोकर बुरा हाल है।

ईएमओ डॉक्टर मेहराज अहमद ने बताया कि बच्ची को गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया था। उसके शरीर और गर्दन पर कुत्तों के काटने के कई निशान थे। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

अधिकारियों से संपर्क नहीं हो सका

घटना के बाद नगर निगम और प्रशासनिक अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन किसी से बात नहीं हो सकी। नगर आयुक्त सौम्य गुरूरानी ने कॉल रिसीव नहीं की। सिटी मजिस्ट्रेट और एसडीएम के सीयूजी नंबर पर भी संपर्क नहीं हो पाया। डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह के कार्यालय से जानकारी नोट कराने को कहा गया, लेकिन उनसे सीधे बात नहीं हो सकी।