अलीगढ में 6 वर्षीय मासूम बच्चे ने पानी समझकर पिया तेजाब, हालत गंभीर; मेडिकल कॉलेज रेफर

उप्र के अलीगढ जनपद के थाना रौरावर क्षेत्र के मामूद नगर में एक परिवार में उस वक्त अफरा तफरी और चीखपुकार मच गई, जब एक 6 वर्षीय मासूम बच्चे अरान ने खाना खाने के बाद प्यास लगने के चलते घर के अंदर कोल्डड्रिंक की बोतल में रखे ज्वलनशील पदार्थ (तेजाब) को पानी समझकर पी लिया।

अलीगढ में 6 वर्षीय मासूम बच्चे ने पानी समझकर पिया तेजाब, हालत गंभीर; मेडिकल कॉलेज रेफर
Published By- Diwaker Mishra

अलीगढ से अजय कुमार की रिपोर्ट

अलीगढ/जनमत न्यूज़। उप्र के अलीगढ जनपद के थाना रौरावर क्षेत्र के मामूद नगर में एक परिवार में उस वक्त अफरा तफरी और चीखपुकार मच गई, जब एक 6 वर्षीय मासूम बच्चे अरान ने खाना खाने के बाद प्यास लगने के चलते घर के अंदर कोल्डड्रिंक की बोतल में रखे ज्वलनशील पदार्थ (तेजाब) को पानी समझकर पी लिया।

जिससे उसकी हालत बिगड़ गई और परिवार के लोग आनन फानन में उसकों उपचार के लिए जिला मलखान सिंह अस्पताल ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी हालत को गंभीर देखते हुए मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।

इस दिल को झकझ जोड़ देने वाली घटना के बाद परिवार के लोग आंखों में आंसू लिए बेसुध हैं, और अपने बच्चें  की जिंदगी बचाने के लिए गुहार लगा रहे है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार 6 वर्षीय बच्चे द्वारा कोल्ड ड्रिंक की बोतल में रखें तेजाब पिए जाने का पूरा मामला थाना रोरावर क्षेत्र अंतर्गत मामूद नगर का है।

बच्चे की मां रूबी की माने तों उनका कहना है कि उन्होंने अपने घर में खाना बनाया था, जिस खाने को उसके परिवार के लोगों और उसके 6 वर्षीय बेटे  अरान नें खाया था।

खाना खाने के बाद उसके बेटों को प्यास लगी और उसके बेटे ने पानी की प्यास लगने के चलते घर के अंदर कोल्डड्रिंक की बोतल में रखे तेजाब को पानी समझकर पी लिया। इससे उसके बेटे की हालत बिगड़ गई और परिवार के लोग उसको उपचार के लिए जिला मलखान सिंह अस्पताल लेकर पहुंचे।

जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसके बेटे की हालात को गंभीर देखते हो मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया, इस घटना के बाद परिवार के सभी लोग अपनी अपनी आंखों में आंसू लिए बेसुध है।

इस संबंध में जिला मलखान सिंह अस्पताल की इमरजेंसी पर तैनात डॉक्टर वैभव जैन का कहना है कि 6 वर्षीय बच्चे अरान कों उसके माता-पिता के द्वारा उपचार के लिए जिला अस्पताल लाया गया था।

जिस बच्चे नें गलती से एसिड पी लिया था,वही बच्चें की मां के द्वारा बताया गया कि उसने खाना खाया था और खाना खाने के बाद पानी की प्यास लगने पर बच्चे नें पानी समझकर बोतल में रखा तेजाब पी लिया।

जहाँ डॉक्टर ने बच्चें की हालात को गंभीर देखते हुए एंडोस्कोपी के लिए मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया, फिलहाल उसकी कंडीशन एस्टेब्लिश है, लेकिन प्राथमिक उपचार के बाद सूजन आती है, जिससे कि बच्चे की हालत बिगड़ सकती है।

ऐसे में उन्होंने लोगों से अपील की है कि एसिड जैसे ज्वलनशील पदार्थ कों बोतलों में ना रखें, जो कि छोटे बच्चों की पहुंच में आए। जो छोटे बच्चों से गलती हों सकती है, छोटे बच्चों की समझ में यह नहीं आएगा कि बोतल में रखा पानी है या कोल्डड्रिंक है।

ऐसे में बच्चे  पानी समझकर उसको पी सकते हैं,इसलिए एसिड को बच्चों की पहुंच से दूर रखा जाए और उसे ऐसे न रखा जाएं कि बच्चें पानी समझकर एसिड को पी जाए,जिससे की ऐसी घटनाएं भविष्य में फिर सामने नहीं आए।