प्रतापगढ़: खड़ी पिकअप में घुसी वैगनआर कार, भाई-बहन की मौत; नवंबर में होनी थी युवती की शादी
उप्र के प्रतापगढ़ जनपद में बुधवार रात करीब 12:20 बजे हुए भीषण सड़क हादसे में सगे भाई-बहन की मौत हो गई, जबकि युवती का मंगेतर गंभीर रूप से घायल हो गया।
प्रतापगढ़ से विकास गुप्ता की रिपोर्ट
प्रतापगढ़/जनमत न्यूज़। उप्र के प्रतापगढ़ जनपद में बुधवार रात करीब 12:20 बजे हुए भीषण सड़क हादसे में सगे भाई-बहन की मौत हो गई, जबकि युवती का मंगेतर गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसा तब हुआ, जब तेज रफ्तार वैगनआर कार सड़क किनारे खड़ी प्लाईवुड लदी पिकअप में पीछे से जा घुसी। कार मृतक भाई चला रहा था।
टक्कर इतनी भीषण थी कि पिकअप डिवाइडर पर चढ़कर वैगनआर के ऊपर पलट गई। इससे कार में सवार तीनों लोग अंदर ही फंस गए। सूचना पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड ने करीब डेढ़ घंटे तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया।
जेसीबी से पिकअप हटाने के बाद कटर मशीन से कार काटकर तीनों को बाहर निकाला गया। उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने भाई-बहन को मृत घोषित कर दिया, जबकि घायल युवक का इलाज जारी है।
हादसा जिला मुख्यालय से करीब 22 किलोमीटर दूर लखनऊ-वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग पर रानीगंज थाना क्षेत्र के ट्रामा सेंटर के पास हुआ। भाई-बहन अपने बड़े भाई की ससुराल से गोंडा से जौनपुर लौट रहे थे। युवती की नवंबर में शादी होने वाली थी।
जौनपुर के मुंगराबादशाहपुर निवासी मनीष सोनी अपनी पत्नी दीपा और बच्चों के साथ कार से गोंडा जिले के मनकापुर स्थित ससुराल गए थे। उनके पीछे दूसरी वैगनआर में मनीष का छोटा भाई मोहित सोनी, उसकी मंगेतर रोली सोनी (26) और रोली का भाई आकाश सोनी उर्फ मोनू (23) सवार थे। परिवार मंगलवार सुबह करीब 11 बजे दो कारों से गोंडा गया था।
बुधवार रात करीब 10 बजे सभी लोग जौनपुर लौट रहे थे। मनीष की कार आगे चल रही थी, जबकि मोहित की कार पीछे थी। रात करीब 12:20 बजे रानीगंज तहसील बाजार स्थित ट्रामा सेंटर के पास सड़क किनारे प्लाईवुड से लदी एक पिकअप खड़ी थी। तेज रफ्तार वैगनआर पीछे से पिकअप में जा घुसी।
टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का अगला हिस्सा पिकअप के अंदर धंस गया और पिकअप का पिछला हिस्सा कार के ऊपर पलट गया।
डेढ़ घंटे चला रेस्क्यू ऑपरेशन
हादसे के बाद मोहित, रोली और मोनू कार में बुरी तरह फंस गए। स्थानीय लोगों ने उन्हें निकालने की कोशिश की, लेकिन पिकअप का भारी वजन कार पर होने के कारण सफलता नहीं मिली।
उधर, आगे चल रहे मनीष ने काफी देर तक पीछे वाली कार नहीं देखी तो वह वापस लौटे घटनास्थल पर पहुंचकर उन्होंने देखा कि मोहित ड्राइवर सीट पर खून से लथपथ फंसा हुआ था, जबकि रोली और मोनू कार के भीतर जिंदगी और मौत से जूझ रहे थे। सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची।
पहले जेसीबी से पिकअप हटाई गई, फिर कटर मशीन से कार काटकर तीनों को बाहर निकाला गया। उन्हें तत्काल रानीगंज ट्रामा सेंटर ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने रोली और मोनू को मृत घोषित कर दिया। गंभीर रूप से घायल मोहित का इलाज जारी है।
26 जनवरी को हुई थी सगाई, नवंबर में होनी थी शादी
परिजन ने बताया कि मोहित और रोली की 26 जनवरी को सगाई हुई थी। दोनों की शादी नवंबर में तय थी और परिवार तैयारियों में जुटा था लेकिन इस हादसे ने दोनों परिवारों की खुशियां मातम में बदल दी। मनीष सोनी ने बताया कि उनके ससुर राजेंद्र प्रसाद के निधन के बाद से रोली और मोनू उनके साथ ही रहते थे।
दोनों की शादी की तैयारियां चल रही थीं, लेकिन एक पल में सब कुछ खत्म हो गया। रोली और मोनू की मौत की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। बड़ी बहन दीपा का रो-रोकर बुरा हाल है। अस्पताल में रिश्तेदारों और स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया हादसे का मंजर स्थानीय लोगों के अनुसार, टक्कर इतनी तेज थी कि धमाके की आवाज दूर तक सुनाई दी। लोग मौके पर पहुंचे तो देखा कि कार पिकअप के नीचे दबी हुई थी। अंदर फंसे लोग मदद के लिए चीख रहे थे, लेकिन भारी वाहन के कारण उन्हें तुरंत निकालना संभव नहीं हो सका।
पुलिस ने शुरू की जांच
रानीगंज थाना प्रभारी विजयकांत सत्यार्थी ने बताया- हादसे में दो लोगों की मौत हुई है, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल है। दोनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि सड़क किनारे खड़ी प्लाईवुड लदी पिकअप से पीछे से कार टकराने के कारण हादसा हुआ।


