फिरोजाबाद में NDRF और SDRF के मॉक ड्रिल का आयोजन, राहत व बचाव कार्यों की प्रभावशीलता को परखा

उप्र के फिरोजाबाद में आज कलैक्ट्रेट परिसर में राष्ट्रीय आपदा मोचक बल (NDRF) और राज्य आपदा मोचक बल (SDRF) के संयुक्त तत्वाधान में एक वृहद जिला स्तरीय मॉक अभ्यास का आयोजन किया गया।

फिरोजाबाद में NDRF और SDRF के मॉक ड्रिल का आयोजन, राहत व बचाव कार्यों की प्रभावशीलता को परखा
Published By- Diwaker Mishra

फिरोजाबाद से विमल कुमार सिंह की रिपोर्ट

फिरोजाबाद/जनमत न्यूज़। उप्र के फिरोजाबाद में आज कलैक्ट्रेट परिसर में राष्ट्रीय आपदा मोचक बल (NDRF) और राज्य आपदा मोचक बल (SDRF) के संयुक्त तत्वाधान में एक वृहद जिला स्तरीय मॉक अभ्यास का आयोजन किया गया।

यह अभ्यास मुख्य रूप से जनपद में भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा के समय तत्काल राहत और बचाव कार्यों की प्रभावशीलता को परखने के लिए आयोजित किया गया था। मॉकड्रिल के दौरान एक काल्पनिक भूकंप की स्थिति निर्मित की गयी।

जिसके तहत मलबे में दबे लोगों को निकालने, घायलों को त्वरित प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध कराने और आपदा के समय विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल बिठाने का प्रदर्शन किया गया।

भूकंप के साथ-साथ अन्य आकस्मिक परिस्थितियों जैसे अग्निकांड और जल भराव से निपटने के तरीकों का भी प्रदर्शन किया गया, ताकि किसी भी जटिल आपदा में जन धन की हानि को कम किया जा सके।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वि.रा. विशु राजा, मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राम बदन राम, बीएसए आशीष पाण्डेय सहित जिला आपदा के विशेषज्ञ और हॉमगार्ड के जवान उपस्थित रहे।

अभ्यास के समापन पर पर अपर जिलाधिकारी वि.रा. विशु राजा ने सभी विभागों के समन्व्य की सराहना करते हुए कहा कि इस मॉकड्रिल का मुख्य उददेश्य आपदा के समय रिस्पॉन्स टाइम या प्रतिक्रिया समय को कम करना और विभिन्न विभागों के बीच समन्व्य को पुख्ता करना है।

भूकंप जैसी आपदा अनपेक्षित होती है, इसलिए NDRF और SDRF के साथ मिलकर किया गया। यह अभ्यास हमें वास्तविक संकट के समय जान माल के नुकसान को न्यूनतम करने में मदद करेगा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग, अग्निशमन विभाग, पुलिस विभाग और NDRF व SDRF की टीमों ने मिलकर इस मॉकड्रिल को सम्पन्न किया।