अयोध्या: गमछे ने बढ़ाई मिल्कीपुर की सियासी तपिश! पूर्व विधायक के बदले अंदाज से गरमाई 2027 की सियासत

उप्र के अयोध्या जनपद की मिल्कीपुर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व भाजपा विधायक गोरखनाथ बाबा के बदले अंदाज ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी चर्चाओं को तेज कर दिया है।

अयोध्या: गमछे ने बढ़ाई मिल्कीपुर की सियासी तपिश! पूर्व विधायक के बदले अंदाज से गरमाई 2027 की सियासत
Published By- Diwaker Mishra

अयोध्या से आज़म खान की रिपोर्ट

अयोध्या/जनमत न्यूज़। उप्र के अयोध्या जनपद की मिल्कीपुर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व भाजपा विधायक गोरखनाथ बाबा के बदले अंदाज ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी चर्चाओं को तेज कर दिया है।

हाल ही में अयोध्या-लखनऊ हाईवे स्थित एक विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान गोरखनाथ बाबा के गले में नजर आया विशेष रंग का गमछा सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। तस्वीरें और वीडियो वायरल होने के बाद राजनीतिक गलियारों में इसके अलग-अलग मायने निकाले जा रहे हैं।

खास बात यह है कि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव भी कई मौकों पर इसी रंग के गमछे में नजर आ चुके हैं। ऐसे में गोरखनाथ बाबा की तस्वीर सामने आने के बाद सियासी चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है।

हालांकि, गमछे के रंग को लेकर उठ रही राजनीतिक अटकलों पर गोरखनाथ बाबा की ओर से कोई स्पष्ट राजनीतिक संकेत सामने नहीं आया है। मिल्कीपुर में विधानसभा चुनाव की तैयारियां भी धीरे-धीरे जोर पकड़ रही हैं।

आगामी चुनाव से पहले नेताओं के सार्वजनिक कार्यक्रमों में सक्रियता और उनके बदले अंदाज पर राजनीतिक नजरें टिक गई हैं। इसी कड़ी में गोरखनाथ बाबा की हालिया तस्वीर को भी सियासी नजरिए से देखा जा रहा है।

2017 में अवधेश प्रसाद को बड़े अंतर से हराया था

गोरखनाथ बाबा का मिल्कीपुर की राजनीति में पुराना और मजबूत प्रभाव माना जाता है। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा के टिकट पर मैदान में उतरे गोरखनाथ बाबा ने तत्कालीन सपा प्रत्याशी अवधेश प्रसाद को 28,276 वोटों के बड़े अंतर से शिकस्त दी थी।

गोरखनाथ बाबा को 86,960 वोट, जबकि अवधेश प्रसाद को 58,684 वोट मिले थे। इस जीत के बाद गोरखनाथ बाबा ने मिल्कीपुर की सियासत में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई।

वर्ष 2022 में तस्वीर बदली और एक बार फिर गोरखनाथ बाबा तथा अवधेश प्रसाद आमने-सामने आए, लेकिन इस बार बाजी अवधेश प्रसाद के हाथ लगी।

2024 के बाद बदला सियासी समीकरण

वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में अवधेश प्रसाद फैजाबाद संसदीय सीट से सांसद निर्वाचित हुए। उनके इस्तीफे के बाद वर्ष 2025 में मिल्कीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव हुआ।

भाजपा ने चंद्रभानु पासवान को मैदान में उतारा, जबकि गोरखनाथ बाबा का नाम भी टिकट के प्रमुख दावेदारों में चर्चा में रहा था। हालांकि टिकट चंद्रभानु पासवान को मिला और उन्होंने उपचुनाव में भाजपा को जीत दिलाई।

अब आगामी 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर मिल्कीपुर में एक बार फिर राजनीतिक गतिविधियां बढ़ने लगी हैं। ऐसे में पूर्व विधायक गोरखनाथ बाबा की लगातार सार्वजनिक सक्रियता और उनके बदले अंदाज को लेकर सियासी चर्चाएं तेज होना स्वाभाविक है।

गमछे पर गोरखनाथ बाबा ने दी सफाई

हालांकि वायरल तस्वीर को लेकर गोरखनाथ बाबा ने कहा कि अयोध्या-लखनऊ हाईवे पर स्थित विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में उन्हें आमंत्रित किया गया था। विद्यालय प्रबंधक की ओर से स्वागत के दौरान उन्हें गमछा पहनाया गया।

उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता कि गमछे के रंग को लेकर सोशल मीडिया पर कुछ लोगों की ओर से इसे लेकर राजनीतिक प्रचार किया जा रहा है। फिलहाल गोरखनाथ बाबा के गमछे को लेकर शुरू हुई चर्चा ने मिल्कीपुर की सियासत में जरूर नई गर्मी पैदा कर दी है।

आने वाले महीनों में उनकी राजनीतिक सक्रियता किस दिशा में जाती है और 2027 के चुनाव में भाजपा का टिकट किसे मिलता है, इस पर सभी की निगाहें टिकी हैं।