रामपुर: विश्व पर्यावरण दिवस पर हिम्मतपुर गौ आश्रय स्थल का निरीक्षण, गोवंश का पूजन-अर्चन कर किया पौधरोपण

विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रदेश सरकार के पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री एवं जनपद के प्रभारी मंत्री धर्मपाल सिंह ने तहसील शाहबाद के हिम्मतपुर गौ आश्रय स्थल पहुंचकर गोवंश का विधिवत पूजन-अर्चन, माल्यार्पण एवं तिलक किया।

रामपुर: विश्व पर्यावरण दिवस पर हिम्मतपुर गौ आश्रय स्थल का निरीक्षण, गोवंश का पूजन-अर्चन कर किया पौधरोपण
Published By- Diwaker Mishra

रामपुर से अभिषेक शर्मा की रिपोर्ट

रामपुर/जनमत न्यूज़। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रदेश सरकार के पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री एवं जनपद के प्रभारी मंत्री धर्मपाल सिंह ने तहसील शाहबाद के हिम्मतपुर गौ आश्रय स्थल पहुंचकर गोवंश का विधिवत पूजन-अर्चन, माल्यार्पण एवं तिलक किया।

उन्होंने गोवंशों को अपने हाथों से गुड़ खिलाकर गोसेवा के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की तथा गौ संरक्षण को भारतीय संस्कृति और परंपरा का महत्वपूर्ण आधार बताया।

निरीक्षण के दौरान प्रभारी मंत्री ने गौ संरक्षण केंद्र की व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा गोवंशों के लिए उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। उन्होंने समस्त गौ आश्रय स्थलों में गोवंश के लिए स्वच्छ पेयजल, पर्याप्त चारा, चिकित्सा सुविधाओं के बारे जानकारी प्राप्त की

इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए प्रभारी मंत्री धर्मपाल सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों एवं पशुपालकों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से बकरी पालन, मत्स्य पालन, सूअर पालन सहित विभिन्न पशुपालन आधारित योजनाएं संचालित कर रही है, जिनमें पात्र लाभार्थियों को अनुदान एवं अन्य सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं। उन्होंने लोगों से इन योजनाओं का लाभ उठाकर स्वरोजगार एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को गौशालाओं से अपना जुड़ाव बनाए रखना चाहिए तथा गौ सेवा एवं गौ संरक्षण के कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभानी चाहिए। भारतीय संस्कृति में गाय का विशेष महत्व रहा है और हमारी परंपराओं में गौवंश को सदैव सम्मान का स्थान प्राप्त है।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि पूर्व समय में सावन एवं भादों के महीनों में लोग अपने घरों और आंगनों को गाय के गोबर से लीपते थे। वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी गाय के गोबर में एंटीसेप्टिक गुण पाए जाते हैं, जो वातावरण को स्वच्छ एवं स्वास्थ्यवर्धक बनाए रखने में सहायक होते हैं।

उन्होंने कहा कि हमारी सांस्कृतिक परंपराओं में निहित वैज्ञानिक तथ्यों को समझते हुए उनका संरक्षण एवं संवर्धन किया जाना चाहिए। उन्होंने पशुपालकों एवं किसानों से कहा कि गोवंश के दूध देना बंद करने के बाद उन्हें निराश्रित न छोड़ें।

कार्यक्रम के दौरान विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर प्रभारी मंत्री धर्मपाल सिंह, विधायक राजबाला सिंह, जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी, मुख्य विकास अधिकारी गुलाब चन्द्र सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों द्वारा गौशाला परिसर में पौधरोपण भी किया गया तथा पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।

इस अवसर पर जनप्रतिनिधिगण, प्रशासनिक अधिकारी, पशुपालन विभाग के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।