औरैया में PRV कर्मियों की सूझबूझ और संवेदनशीलता से बची युवक की जान, परिवार को दिया हौसला
उप्र के औरैया जनपद के थाना कोतवाली औरैया क्षेत्र के ग्राम गाजीपुर में आत्महत्या के प्रयास की सूचना पर यूपी-112 की PRV 8082 ने जिस तत्परता, सूझबूझ और मानवीय संवेदना का परिचय दिया, उससे एक युवक की जान बच गई।
औरैया से अरुण वाजपेयी की रिपोर्ट
औरैया/जनमत न्यूज़। उप्र के औरैया जनपद के थाना कोतवाली औरैया क्षेत्र के ग्राम गाजीपुर में आत्महत्या के प्रयास की सूचना पर यूपी-112 की PRV 8082 ने जिस तत्परता, सूझबूझ और मानवीय संवेदना का परिचय दिया, उससे एक युवक की जान बच गई।
सूचना मिलते ही PRV कर्मी बिना समय गंवाए घटनास्थल पर पहुंचे। परिजनों ने बताया कि भूपेंद्र पुत्र दिलीप सिंह ने खुद को कमरे में बंद कर लिया है और फांसी लगाकर आत्महत्या करने की धमकी दे रहा है। परिजनों की चिंता और घबराहट को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने उन्हें ढांढस बंधाया और शांत रहने का भरोसा दिलाते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू की।
दरवाजा अंदर से बंद होने और अंदर से कोई प्रतिक्रिया न मिलने पर PRV कर्मियों ने तत्काल दरवाजा तोड़कर कमरे में प्रवेश किया। युवक फांसी के फंदे पर झूलता मिला। पुलिसकर्मियों ने तत्काल उसे फंदे से नीचे उतारा, प्राथमिक उपचार दिया और उपचार के लिए 50 शैय्या अस्पताल में भर्ती कराया।
PRV कर्मियों की त्वरित कार्रवाई, संवेदनशील व्यवहार और मानवीय दृष्टिकोण के चलते युवक को समय रहते उपचार मिल सका और उसकी जान बच गई। पुलिसकर्मियों ने अस्पताल पहुंचने तक परिजनों को भी लगातार हिम्मत बंधाई और हरसंभव सहायता का भरोसा दिया।
यूपी-112 की PRV 8082 की इस सराहनीय कार्रवाई ने एक बार फिर साबित किया कि पुलिस केवल कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी ही नहीं निभाती, बल्कि संकट की घड़ी में लोगों के साथ खड़ी होकर उनकी जान और परिवार की उम्मीद दोनों बचाने का काम करती है।







