अमेठी में अपराधियों पर कसा पुलिस का शिकंजा, चेन लूट-कांड का खुलासा; दो गिरफ्तार
उप्र के अमेठी जिले के कमरौली थाना क्षेत्र में महिला से चैन लूट की वारदात का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
अमेठी से राम मिश्रा की रिपोर्ट
अमेठी/जनमत न्यूज़। उप्र के अमेठी जिले के कमरौली थाना क्षेत्र में महिला से चैन लूट की वारदात का पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटी गईं चैन व घटना में इस्तेमाल की गईं बाइक समेत दस हजार रुपये नकदी भी बरामद कर ली। गिरफ्तारी व बरामदगी कर पुलिस अग्रिम बिधिक कार्रवाई कार्रवाई में जुट गईं है।
पुलिस के मुताबिक पुलिस अधीक्षक अमेठी सरवणन टी.के निर्देशन एवं अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेन्द्र कुमार सिंह के पर्यवेक्षण में शुक्रवार को कमरौली थाना पुलिस ने घटना के अनावरण किया गया।
अभियुक्त की सुरागरसी पतारसी के दौरान सीटीटीवी फुटेज व अन्य विभिन्न साक्ष्यों एवं मुखबिर की सूचना के आधार पर मोटरसाइकिल सवार अभियुक्त सतेन्द्र कुमार निषाद उर्फ कालिया निवासी थाना क्षेत्र कृष्णानगर कमिश्नरेट लखनऊ व चेन खरीदने व बेचने वाले अभियुक्त गगनप्रीत सिंह निवासी थाना क्षेत्र नाका कमिश्नरेट लखनऊ को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने अभियुक्तों के कब्जे से लूटी गयी चेन व दस हजार रुपये नगद और घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल व चेहरा छिपाने में प्रयुक्त हेलमेट बरामद किया।
बरामद रुपयों के बारे में पूछताछ करने पर अभियुक्त सतेन्द्र ने बताया कि बीते तेरह अगस्त को यूपीएसआईडीसी कॉलोनी से एक महिला से चेन छीनकर भाग गया था तथा उसी दिन अपने साथी गगनप्रीत सिंह को बेचन हेतु दिया था।
चेन के बदले गगनप्रीत सिंह ने उसे पंद्रह हजार रुपये एडवांस दिया था,शेष रुपये चेन बेंचने के बाद देने के लिए कहा था।बरामद चेन के बारे में अभियुक्त गगनप्रीत ने बताया कि यह चेन सतेन्द्र ने उसे बेंचने के लिए दिया था।
लखनऊ में सीसीटीवी लगे होने के कारण चेन नहीं बिक पाया था। जिसे आज बनभरिया मोड़ पर सतेन्द्र के साथ मिलकर बेंचने की बात हुई थी।बरामदगी के आधार पर मामले में सुसंगत धारा की बढ़ोत्तरी कर पुलिस आवश्यक विधिक कार्यवाही में जुट गईं है।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त सतेन्द्र एक अन्तर्जनपदीय शातिर लुटेरा है जिसके विरुद्ध जनपद लखनऊ,बाराबंकी,अमेठी में लूट,हत्या का प्रयास,चोरी,आर्म्स एक्ट व गुण्डा अधिनियम में कुल 39 अभियोग पंजीकृत है। पुलिस अधीक्षक ने उक्त सराहनीय कार्य करने वाली पुलिस टीम को पचचीस हजार रुपये नगद पुरस्कार की घोषणा की।







