औरैया: सावन के अंतिम सोमवार पर भयानकनाथ मंदिर पहुंचे अधिकारी, सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा

सावन मास के अंतिम सोमवार को उप्र के औरैया जनपद के विधूना कुदरकोट स्थित प्रसिद्ध भयानकनाथ मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर तैयारियां तेज कर दीं।

औरैया: सावन के अंतिम सोमवार पर भयानकनाथ मंदिर पहुंचे अधिकारी, सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा
Published By- Diwaker Mishra

औरैया से अरुण वाजपेयी की रिपोर्ट

औरैया/जनमत न्यूज़। सावन मास के अंतिम सोमवार को उप्र के औरैया जनपद के विधूना कुदरकोट स्थित प्रसिद्ध भयानकनाथ मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर तैयारियां तेज कर दीं।

इसी क्रम में विधूना उपजिलाधिकारी कमल कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी पुनीत मिश्रा तथा थाना प्रभारी अमर बहादुर ने मंदिर परिसर का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

अधिकारियों ने मंदिर परिसर के साथ-साथ श्रद्धालुओं के आवागमन वाले मार्गों, प्रवेश एवं निकास व्यवस्था तथा भीड़ नियंत्रण से जुड़ी तैयारियों का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।

सावन के अंतिम सोमवार को भगवान शिव के दर्शन एवं जलाभिषेक के लिए मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में भीड़ बढ़ने की स्थिति में किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसके लिए पुलिस बल की तैनाती और निगरानी व्यवस्था को भी परखा गया।

उपजिलाधिकारी कमल कुमार सिंह ने संबंधित अधिकारियों से कहा कि मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को दर्शन-पूजन में किसी प्रकार की परेशानी न हो तथा यातायात व्यवस्था सुचारु बनी रहे। वहीं सीओ पुनीत मिश्रा ने पुलिसकर्मियों को सतर्कता के साथ ड्यूटी करने और भीड़ के बीच लगातार निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए।

थाना प्रभारी अमर बहादुर ने भी सुरक्षा कर्मियों को श्रद्धालुओं से सहयोगात्मक व्यवहार करने तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सावन के अंतिम सोमवार पर मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस पूरी तरह सतर्क रहेगी।

प्रशासन और पुलिस अधिकारियों के निरीक्षण के बाद श्रद्धालुओं के लिए सुगम, व्यवस्थित और सुरक्षित दर्शन सुनिश्चित करने की तैयारियों को अंतिम रूप दिया गया।