हरदोई में भारतीय किसान यूनियन का ऐलान, CJP के आंदोलन को समर्थन; CEC के इस्तीफे की मांग
उप्र के हरदोई जिले में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत गुट) ने दिल्ली में चल रहे CJP के आंदोलन को खुला समर्थन देते हुए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं।
हरदोई से सुनील कुमार की रिपोर्ट
हरदोई/जनमत न्यूज़। उप्र के हरदोई जिले में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत गुट) ने दिल्ली में चल रहे CJP के आंदोलन को खुला समर्थन देते हुए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं।
जिलाध्यक्ष प्रगट सिंह के नेतृत्व में यूनियन के प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर एडीएम दीपाली भार्गव को राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा। इसमें मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई गई है।
ज्ञापन में कहा गया कि मतदाता सूची को शुद्ध करने के नाम पर किसी भी पात्र नागरिक को उसके लोकतांत्रिक अधिकार से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। यूनियन ने विशेष रूप से किसानों, मजदूरों, आदिवासियों, दलितों, पिछड़ों और वंचित वर्गों के मताधिकार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
जिलाध्यक्ष प्रगट सिंह ने कहा कि संगठन CJP के आंदोलन का समर्थन करता है। उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने पर जोर दिया।
ज्ञापन के जरिए मांग की गई कि SIR के दौरान मतदाता सूची से हटाए गए नामों की स्वतंत्र जांच कराई जाए। बिना उचित प्रक्रिया के हटाए गए पात्र मतदाताओं के नाम समयबद्ध तरीके से दोबारा जोड़े जाएं।
इसके साथ ही राज्य और जिलावार हटाए गए नामों का विवरण सार्वजनिक किया जाए। यूनियन ने प्रभावित मतदाताओं को सुनवाई का उचित अवसर देने और प्रक्रिया में लापरवाही बरतने वाले जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग भी की।
संगठन का कहना है कि मतदाता सूची के पुनरीक्षण में पारदर्शिता के साथ प्रत्येक पात्र नागरिक के मताधिकार की रक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।



