मुजफ्फरनगर की बुढ़ाना पुलिस की बड़ी सफलता, अंतरराज्यीय जाली करेंसी गिरोह का पर्दाफाश; तीन आरोपी गिरफ्तार

उप्र के मुजफ्फरनगर जनपद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देशन में थाना बुढ़ाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जाली करेंसी के लेन-देन में संलिप्त एक अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है।

मुजफ्फरनगर की बुढ़ाना पुलिस की बड़ी सफलता, अंतरराज्यीय जाली करेंसी गिरोह का पर्दाफाश; तीन आरोपी गिरफ्तार
Published By- Diwaker Mishra

मुजफ्फरनगर से संजय कुमार की रिपोर्ट

मुजफ्फरनगर/जनमत न्यूज़। उप्र के मुजफ्फरनगर जनपद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देशन में थाना बुढ़ाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जाली करेंसी के लेन-देन में संलिप्त एक अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है।

पुलिस ने तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से एक लाख रुपये की जाली करेंसी तथा घटना में प्रयुक्त एक वैगनआर कार बरामद की है।

पुलिस के अनुसार मुखबिर से सूचना मिली थी कि तीन व्यक्ति वैगनआर कार में जाली नोट लेकर खतौली की ओर से आ रहे हैं। सूचना के आधार पर थाना बुढ़ाना पुलिस ने तत्काल वाहन चेकिंग अभियान शुरू किया।

कुछ समय बाद संदिग्ध वैगनआर कार दिखाई दी। पुलिस ने वाहन को रोकने का प्रयास किया, लेकिन कार सवार भागने लगे। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर तीनों आरोपियों को दबोच लिया।

पूछताछ में सामने आया कि आरोपी अंतरराज्यीय स्तर पर जाली करेंसी के लेन-देन से जुड़े गिरोह के सदस्य हैं। पुलिस ने उनके कब्जे से एक लाख रुपये मूल्य की जाली करेंसी, घटना में प्रयुक्त वैगनआर कार तथा तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सालिम पुत्र हाफिज इमरान निवासी ग्राम कैली, थाना दौराला, जनपद मेरठ, माजिद पुत्र फारुख निवासी ग्राम कैली, थाना दौराला, मेरठ तथा जिशान पुत्र गुलजार निवासी ग्राम जोला, थाना बुढ़ाना, जनपद मुजफ्फरनगर के रूप में हुई है।

यह कार्रवाई अपर पुलिस महानिदेशक मेरठ जोन एवं पुलिस उपमहानिरीक्षक सहारनपुर परिक्षेत्र के निर्देशन तथा एसएसपी संजय कुमार वर्मा के पर्यवेक्षण में, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अक्षय संजय महाडिक, क्षेत्राधिकारी बुढ़ाना गजेंद्र पाल सिंह एवं थाना प्रभारी बुढ़ाना के नेतृत्व में की गई।

पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही गिरोह के अन्य सदस्यों तथा जाली करेंसी के नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।