प्रतापगढ़: मछली पकड़ने गए चाचा-भतीजा नाले में डूबे, 10 घंटे बाद मिला भतीजे का शव
उप्र के प्रतापगढ़ जनपद के रानीगंज थाना क्षेत्र में बारिश के पानी से उफनाए नाले में मछली पकड़ने के दौरान चाचा-भतीजा डूब गए।
प्रतापगढ़ से विकास गुप्ता की रिपोर्ट
प्रतापगढ़/जनमत न्यूज़। उप्र के प्रतापगढ़ जनपद के रानीगंज थाना क्षेत्र में बारिश के पानी से उफनाए नाले में मछली पकड़ने के दौरान चाचा-भतीजा डूब गए। इस हादसे में चाचा नन्हें विश्वकर्मा का शव करीब आधे घंटे बाद बरामद कर लिया गया था, जबकि भतीजे विकास उर्फ लल्ले का शव लगभग 10 घंटे बाद रविवार सुबह मिला।
यह घटना शनिवार शाम मेढ़ौली जगदीशपुर गांव में हुई। गांव निवासी 35 वर्षीय नन्हें विश्वकर्मा अपने 22 वर्षीय भतीजे विकास उर्फ लल्ले पुत्र फूलचंद के साथ घर के सामने स्थित करीब 50 फीट चौड़े नाले के पास गए थे।
बताया गया कि विकास पानी का बढ़ता स्तर देखने किनारे पहुंचा, तभी उसका पैर फिसल गया और वह तेज बहाव में गिरकर डबने लगा।विकास को डूबता देख नन्हें ने उसे बचाने के लिए तुरंत पानी में छलांग लगा दी। हालांकि, दोनों ही तेज बहाव की चपेट में आ गए और डूब गए।
मौके पर मौजूद बच्चों ने ग्रामीणों को घटना की सूचना दी, जिसके बाद ग्रामीणों ने नाले में तलाश शुरू की। करीब आधे घंटे बाद घटनास्थल से लगभग 500 मीटर दूर नन्हें का शव बरामद कर लिया गया।
विकास की तलाश में गोताखोरों को लगाया गया था। लगभग 10 घंटे की खोजबीन के बाद रविवार सुबह करीब 6:30 बजे घर से लगभग एक किलोमीटर दूर नाले में विकास का शव उतराया मिला। शव मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। नन्हें विश्वकर्मा फर्नीचर के कारखाने में काम करते थे और अपने पीछे एक बेटा और एक बेटी छोड़ गए हैं। इस दुखद घटना से पूरे गांव में मातम पसरा है।







