भदोही: दो शातिर अभियुक्तों के खिलाफ गुंडा एक्ट की कार्यवाही, 06 माह के लिए जिला बदर घोषित
उप्र के भदोही जनपद में थाना गोपीगंज पुलिस द्वारा शातिर, मनबढ़ किस्म के अभ्यस्त अभियुक्त के विरुद्ध प्रभावी पैरवी की गई जिसके फलस्वरुप अभियुक्त को गुंडा एक्ट के तहत जिला बदर किया गया है।
भदोही से आनन्द तिवारी की रिपोर्ट
भदोही/जनमत न्यूज़। उप्र के भदोही जनपद में पुलिस अधीक्षक द्वारा अपराध व अपराधियों पर प्रभावी अंकुश लगाए जाने हेतु दिए गए निर्देश क्रम में थाना गोपीगंज पुलिस द्वारा शातिर, मनबढ़ किस्म के अभ्यस्त अभियुक्त के विरुद्ध प्रभावी पैरवी की गई जिसके फलस्वरुप अभियुक्त को गुंडा एक्ट के तहत जिला बदर किया गया है।
गोपीगंज पुलिस द्वारा अभियुक्त के विरुद्ध नियमानुसार मुनादी कराकर जिला बदर की कार्यवाही संपन्न की गई। बता दें कि शांति एवं कानून व्यवस्था, अपराध व अपराधियों पर प्रभावी अंकुश लगाए जाने के दृष्टिगत जनपदीय पुलिस द्वारा शातिर, मनबढ़ व अभ्यस्त अपराधियों के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है।
इसी क्रम में जनपद के थाना गोपीगंज क्षेत्र अंतर्गत विभिन्न आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहते हुए आमजन के साथ इनके अपराधों के द्वारा सामान्य जनता में भय एवं आतंक व्याप्त कर गुण्डागर्दी करने वाले अभ्यस्त अभियुक्तगण चन्दन तिवारी पुत्र स्व. गोपीकृष्ण तिवारी व गोपाल कृष्ण तिवारी उर्फ बुल्ले पुत्र कृष्ण तिवारी निवासीगण आनापुर थाना गोपीगंज जनपद भदोही विरूद्ध निर्गत उ.प्र. गुण्डा नियन्त्रण अधिनियम की कार्यवाही की गई है।
अभियुक्त द्वारा आम जनता के लोगों के साथ मारपीट करना गाली-गुप्ता देना व जान से मारने की धमकी देने जैसा गम्भीर अपराध किया जाता है। इनके भय एवं आतंक से आम जनता कोई भी व्यक्ति इनके विरूद्ध मुकदमा लिखाने का साहस नहीं करता है, अतः इसके विरुद्ध उ.प्र. गुण्डा नियन्त्रण अधिनियम 1970 की धारा 3(1) के अन्तर्गत कार्यवाही हेतु संस्तुति की गयी है।
अभियुक्त के विरुद्ध स्थानीय पुलिस की प्रभावी पैरवी के फलस्वरुप श्री शैलेष कुमार जिला मजिस्ट्रेट भदोही द्वारा यूपी गुण्डा नियंत्रण अधिनियम के तहत 06 माह के लिए जिला बदर घोषित किया गया है।
निर्गत आदेश के अनुपालन में दिनांक 24 अप्रैल को गोपीगंज पुलिस टीम द्वारा अभियुक्त के निवास स्थान पर आदेश की उद्घोषणा कर एवं डुग-डुगी बजवाकर आदेश की प्रति चस्पा किया गया तथा अवगत कराया गया कि उपरोक्त निर्धारित अवधि के दौरान जनपद के अंदर निवासित पाए जाने पर अभियुक्त को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्यवाही की जाएगी।


