सीतापुर: सिर कटी लाश मामले का सनसनीखेज खुलासा, 12 साल पुराने हत्याकांड से जुड़े हैं तार
उप्र के सीतापुर जनपद में बिना सिर के मिले शव की गुत्थी को सुलझाने का दावा पुलिस ने किया है। पुलिस के मुताबिक 12 साल पुराने मर्डर केस के दो आरोपियों ने मिलकर एक और सनसनीखेज हत्या को अंजाम दिया।
सीतापुर से अनूप पाण्डेय की रिपोर्ट
सीतापुर/जनमत न्यूज़। उप्र के सीतापुर जनपद में बिना सिर के मिले शव की गुत्थी को सुलझाने का दावा पुलिस ने किया है। पुलिस के मुताबिक 12 साल पुराने मर्डर केस के दो आरोपियों ने मिलकर एक और सनसनीखेज हत्या को अंजाम दिया। मामले में महिला समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है ।
संदना थाना क्षेत्र में खेत से मिले सिर कटे शव की पहचान खैराबाद निवासी 42 वर्षीय भुपई यादव के रूप में हुई। पुलिस की जांच में शशी देवी और उसके भाई रिंकू को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस का दावा है कि वर्ष 2014 में शशी देवी ने भुपई यादव के साथ मिलकर अपने पति गोविंद कुमार की हत्या की थी। उस मामले में शशी देवी जमानत पर बाहर आ गई थी, जबकि भुपई यादव जेल गया था और करीब दो वर्ष पहले रिहा हुआ था।
पुलिस के अनुसार हाल ही में भुपई यादव के गांव के निवासी राजेश की पत्नी से अवैध संबंधों को लेकर विवाद हुआ। इसी के बाद राजेश उर्फ राजकुमार ने शशी देवी को ₹50 हजार का लालच देकर भुपई यादव की हत्या की साजिश रची।
25 जुलाई की रात भुपई यादव को शराब पिलाकर खेत में ले जाया गया, जहां धारदार बांके से उसकी हत्या कर सिर धड़ से अलग कर दिया गया। बाद में सिर को खेत में दबा दिया गया, जबकि हथियार और कपड़े झाड़ियों में फेंक दिए गए।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर मृतक का कटा हुआ सिर, हत्या में प्रयुक्त बांका और कपड़े बरामद करने का दावा किया है। पुलिस द्वारा आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।


