औरैया: बेटी की हत्या कर जंगल में गड्ढे में दफनाया शव, पिता समेत दो आरोपी गिरफ्तार
उप्र के औरैया जनपद के बेला थाना क्षेत्र के ग्राम दलपपुर के पास वन विभाग की जमीन पर गड्ढे में दफन मिली अज्ञात युवती की हत्या की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है।
औरैया से अरुण वाजपेयी की रिपोर्ट
औरैया/जनमत न्यूज़। उप्र के औरैया जनपद के बेला थाना क्षेत्र के ग्राम दलपपुर के पास वन विभाग की जमीन पर गड्ढे में दफन मिली अज्ञात युवती की हत्या की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस के अनुसार, युवती की हत्या के मामले में उसके पिता चन्द्रप्रकाश उर्फ भगवान दीन और उसके रिश्तेदार दीपक उर्फ दीपांशु को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त एक मोटरसाइकिल और एक फावड़ा भी बरामद किया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
औरैया पुलिस की ओर से 13 अक्टूबर 2026 को जारी प्रेस नोट के मुताबिक, इस मामले में बेला थाना पुलिस लगातार जांच कर रही थी। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और सोशल मीडिया के माध्यम से मृतका की पहचान करने का प्रयास किया। बाद में मृतका के भाई ने उसकी पहचान की और पुलिस को घटना से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी। इसके आधार पर पुलिस ने मामले की कड़ियां जोड़ते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
20 सितंबर को गड्ढे में मिला था युवती का शव
पुलिस के अनुसार, 20 सितंबर 2026 को ग्राम प्रधान ऊसराहा ने बेला थाना पुलिस को फोन पर सूचना दी थी कि ग्राम दलपपुर के मोड़ के पास वन विभाग की जमीन पर सड़क से करीब 50 मीटर अंदर बबूल के पेड़ों के बीच एक अज्ञात महिला का शव गड्ढे में दबा हुआ है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को गड्ढे से बाहर निकलवाया।
मौके पर पहुंची फील्ड यूनिट ने साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की। इसके बाद पुलिस ने शव का पंचायतनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए चिचौली स्थित मोर्चरी हाउस भेज दिया। मृतका की पहचान नहीं हो पाने के कारण पुलिस ने आसपास के क्षेत्रों में जानकारी जुटाने के साथ ही तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की।
सोशल मीडिया से हुई मृतका की पहचान
जांच के दौरान सोशल मीडिया पर प्रसारित तस्वीरों के माध्यम से कन्नौज जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के ग्राम कपूरापुर निवासी रजत कुमार ने शव की पहचान अपनी बहन के रूप में की। इसके बाद रजत कुमार ने बेला थाने में तहरीर देकर घटना के संबंध में जानकारी दी।
तहरीर के मुताबिक, 9 सितंबर 2026 को उसके पिता चन्द्रप्रकाश ने उससे कहा था कि वह उसकी बहन को लेकर दिल्ली जा रहे हैं। पिता और बहन को बेला छोड़ने के लिए रजत अपनी मोटरसाइकिल से निकला था। जब वह बेला-तिर्वा रोड स्थित नायरा पेट्रोल पंप के पास पहुंचा, तो वहां उसकी बुआ का बेटा दीपक उर्फ दीपांशु मिल गया।
रजत के अनुसार, उसके पिता ने रात होने की बात कहते हुए उसे वापस घर जाने के लिए कहा और बताया कि वह दीपक के साथ उसकी बहन को लेकर बेला चले जाएंगे। पिता की बात मानकर रजत वापस घर लौट गया।
फोन पर पिता ने बताई हत्या की बात
पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार, सोशल मीडिया पर युवती का शव मिलने की खबर सामने आने के बाद रजत ने तस्वीर देखकर अपनी बहन को पहचान लिया। इसके बाद जब उसने अपने पिता से फोन पर संपर्क कर पूछताछ की, तो पिता ने कथित तौर पर दीपक के साथ मिलकर 9 सितंबर को युवती की हत्या करने और शव को दलपपुर गांव के पास जंगल में गड्ढा खोदकर छिपाने की बात बताई।
तहरीर में यह भी कहा गया कि पिता की ओर से धमकाए जाने के कारण रजत भयभीत हो गया था और तत्काल पुलिस को सूचना नहीं दे सका। बाद में उसने थाने पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी दी। पुलिस ने प्राप्त तहरीर के आधार पर मुकदमा अपराध संख्या 175/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) और 238(क) में चन्द्रप्रकाश तथा दीपक के खिलाफ मामला दर्ज किया।
पूछताछ में सामने आई हत्या की वजह
पुलिस के प्रेस नोट के मुताबिक, पूछताछ के दौरान आरोपी चन्द्रप्रकाश ने बताया कि वह दिल्ली में रहकर एक निजी कंपनी में काम करता है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने अपनी बेटी के बिना बताए घर से चले जाने की बात को लेकर नाराजगी जताई और कहा कि इससे उसे समाज में अपमान महसूस होता था।
पुलिस का कहना है कि इसी नाराजगी के चलते दोनों आरोपियों ने कथित रूप से योजना बनाकर युवती की हत्या की। आरोपियों ने दलपपुर गांव के पास वन विभाग के जंगल में युवती का गला दबाकर हत्या की और फिर फावड़े से गड्ढा खोदकर शव को उसमें दबा दिया। पुलिस मामले से जुड़े तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है।
कैथावा मोड़ से दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी
बेला थाना पुलिस के अनुसार, 13 अक्टूबर को संदिग्ध व्यक्ति और वाहनों की चेकिंग के दौरान मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर कैथावा मोड़ से सुबह करीब 8:15 बजे दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई एक मोटरसाइकिल और एक फावड़ा बरामद किया है।
पुलिस ने बताया कि विवेचना के दौरान मुकदमे में बीएनएस की धारा 61(2) की भी बढ़ोतरी की गई है। दोनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस टीम ने किया घटना का खुलासा
इस कार्रवाई में बेला थाना प्रभारी निरीक्षक अमर बहादुर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम शामिल रही। टीम में मुख्य आरक्षी अमित कुमार, आरक्षी अंकुश कुमार, अनिल जुरैल, विशाल तंवर और महिला आरक्षी पिंकी शामिल रहीं।
पुलिस अधिकारियों के निर्देशन और पर्यवेक्षण में की गई इस कार्रवाई के बाद युवती की हत्या से जुड़े मामले में दो आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। पुलिस मामले में साक्ष्य संकलन और अन्य आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कर रही है।



