अयोध्या: मिल्कीपुर की सियासत में हलचल तेज, रामलला के दरबार में पूर्व विधायक बाबा गोरखनाथ का बड़ा ऐलान
उप्र के अयोध्या जनपद के मिल्कीपुर की सियासत में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। भाजपा के पूर्व विधायक बाबा गोरखनाथ गुरुवार को अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ पैदल यात्रा करते हुए अयोध्या पहुंचे.
अयोध्या से आज़म खान की रिपोर्ट
अयोध्या/जनमत न्यूज़। उप्र के अयोध्या जनपद के मिल्कीपुर की सियासत में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। भाजपा के पूर्व विधायक बाबा गोरखनाथ गुरुवार को अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ पैदल यात्रा करते हुए अयोध्या पहुंचे और रामलला के दरबार में हाजिरी लगाकर दर्शन-पूजन किया। इस दौरान पूरा रास्ता “जय श्रीराम” के जयघोष से गूंजता रहा।
खास बात यह रही कि बाबा गोरखनाथ ने 2024 की आस्था ट्रेन में उनके साथ गए करीब 150 कार्यकर्ताओं को रामलला के दर्शन कराने का अपना संकल्प पूरा किया। समर्थकों के साथ पैदल राम मंदिर पहुंचने के बाद उन्होंने भगवान रामलला के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की।
दर्शन के बाद 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर जब बाबा गोरखनाथ से सवाल किया गया तो उन्होंने बेहद सधे लेकिन सियासी अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने कहा “इरादा कर लिया तो कर लिया।” चुनाव लड़ने के सवाल पर उन्होंने कहा कि “मेरा सफर किसी तूफान के डर से नहीं रुकता, चुनाव लड़ने का मन है ही।”
बाबा गोरखनाथ के इस बयान के बाद मिल्कीपुर की सियासत में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। रामलला के दरबार से दिए गए इस सियासी संदेश को उनके 2027 के चुनावी इरादों का खुला संकेत माना जा रहा है।
वही पूर्व विधायक बाबा गोरखनाथ ने राम मंदिर ट्रस्ट से मांग किया की एक गेट अयोध्या वासियो के नाम होना चाहिए ताकि अयोध्या के लोग ज़ब राम लला का दर्शन करना चाहे आधार कार्ड दिखाए और दर्शन कर ले एक गेट अलग कर एक लाइन बना दे जिससे अयोध्या के लोग आराम से दर्शन कर सके।



