गाजीपुर में CM योगी ने 692 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का किया लोकार्पण, लाभार्थियों को प्रमाणपत्र वितरित
उप्र के गाजीपुर जनपद के मुहम्मदाबाद मंडी ग्राउंड में आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 692 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया।
गाजीपुर से हसीन अंसारी की रिपोर्ट
गाजीपुर/जनमत न्यूज़। उप्र के गाजीपुर जनपद के मुहम्मदाबाद मंडी ग्राउंड में आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 692 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाणपत्र भी वितरित किए।
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों का उल्लेख किया और विपक्ष पर जमकर निशाना साधते हुए कानून-व्यवस्था, राष्ट्रवाद और माफिया के मुद्दे पर सरकार का पक्ष रखा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज गाजीपुर के मुहम्मदाबाद मंडी ग्राउंड पहुंचे, जहां उन्होंने 692 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। कार्यक्रम में उन्होंने सरकार की विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाणपत्र वितरित कर उन्हें सम्मानित किया।
इस दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गाजीपुर ऋषि-मुनियों की पावन धरती है और यह जनपद शुरू से ही राष्ट्र रक्षा और राष्ट्र निर्माण के लिए समर्पित रहा है।
उन्होंने कहा कि गहमर गांव देश को सबसे अधिक सैनिक और सैन्य अधिकारी देने के लिए जाना जाता है तथा आजादी की लड़ाई से लेकर हर राष्ट्रवादी अभियान में गाजीपुर के वीर सपूतों ने अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने गाजीपुर की गौरवशाली पहचान पर संकट खड़ा किया और विदेशी आक्रांताओं का महिमामंडन किया।
उन्होंने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर राष्ट्रनायकों की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए कहा कि इन दलों ने कभी महाराजा सुहेलदेव सहित देश के महान नायकों का सम्मान नहीं किया।
विकास कार्यों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एनडीए सरकार ने गाजीपुर और पूरे पूर्वांचल के विकास को नई गति दी है। उन्होंने घोषणा की कि पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे को चंदौली, वाराणसी से जोड़ते हुए सोनभद्र तक विस्तारित किया जाएगा। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकार ने एक्सप्रेस-वे निर्माण के नाम पर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार किया था।
कानून-व्यवस्था पर मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले प्रदेश में त्योहारों के दौरान उपद्रव होते थे और नौकरियों में परिवारवाद हावी था, लेकिन अब अपराधियों के लिए केवल जेल या जहन्नुम की जगह बची है। उन्होंने कहा कि सरकार ने माफिया के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है और माफिया को मिट्टी में मिलाने का संकल्प पूरा किया है।
उन्होंने चेतावनी दी कि अपराधियों या माफिया को संरक्षण देने वालों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई होगी। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने स्थानीय सांसद पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अवैध असलहा लाइसेंस बनाने में व्यस्त हैं।
उन्होंने जनता से योग्य विधायक और सांसद चुनने की अपील की और युवाओं से अपनी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में लगाकर प्रदेश के विकास में भागीदारी निभाने का आह्वान किया।


