मिर्जापुर: हल्की बारिश में भी नटवा रेलवे अंडरपास में हो जाता है जल जमाव, जनप्रतिनिधियों को नहीं है चिंता
उप्र के मिर्जापुर जनपद में डबल इंजन की सरकार का कारनामा देखते ही बनता है। नटवा रेलवे अंडरपास में थोड़ी भी बारिश के बाद इस तरह से जल जमाव होता है। आवागमन भी पूरी तरह से बंद हो जाता है।
मिर्जापुर से आनन्द तिवारी की रिपोर्ट
मिर्जापुर/जनमत न्यूज़। उप्र के मिर्जापुर जनपद में डबल इंजन की सरकार का कारनामा देखते ही बनता है। नटवा रेलवे अंडरपास में थोड़ी भी बारिश के बाद इस तरह से जल जमाव होता है। आवागमन भी पूरी तरह से बंद हो जाता है।
बता दें कि मिर्जापुर जनपद में कुल 12 जनप्रतिनिधि है लेकिन समस्या का अंबार लगा है। वीआईपी गाड़ियो से चलने वालों को जनता के दर्द से क्या मतलब? आम जनमानस भले ही परेशान रहे नटवा का अण्डरपास जो मुख्य मार्ग है या भदोही जौनपुर को जोड़ने का मुख्य मार्ग है और यहां से लोग प्रयागराज वाराणसी को ही जाते हैं।
ऐसी स्थिति में जल भराव जो होता हैवह बड़ा हीदुखदाई होता हैऐसे में ना तोमिर्जापुर शहर के इस पर के लोगअस्पताल पहुंच पाते हैं ना ही कचहरी सरकार सड़के बनाई हैं लोगों को मूलभूत सुविधाएं और सुगमता के लिए लेकिन इस अंडर पास में जल निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है।
यहां वर्तमान समय में नगर पालिका के द्वाराएक वाटर पंप तो लगा दिया गया है लेकिन वह अभी पूरी तरह से पानी नहीं निकल पाता जिसका जीता जागता नजारा देखने को मिलता है की भदोही तक पहुंचाने के लिए लोगों को चुनार के रास्ते होकर के आना पड़ता है।
हाईवे से या फिर विंध्याचल की तंग गलियों से इस रास्ते से बड़े नेता अधिकारी सभी आते जाते हैं। यू कहा जाए तो यह राष्ट्रीय राजमार्ग है तो इस राष्ट्रीय राजमार्ग में इस राष्ट्रीय समस्या कानिदान कब होगा जिससे लोगों को राहत महसूस हो।
इसको लेकर यहां के स्थानीय युवा नेता सतीश मिश्रा ने कहा कि अब यहडबल इंजन सरकार की माया है जो चाहे शो करें जनप्रतिनिधी अधिकारियो को नाटकीय दबाव बनाते देख सकते। शव यात्रा भी प्रभावित लोग जान जोखीम मे डालकर रेलवे ट्रेक से पार कर रहे विद्युत चालित ट्रेन होने से खतरा कई गुना बढ जाता है लेकिन यहा के प्रतिनिधी मूल समस्या पर ध्यान नही देते।




